Open every day, 8 AM – 9 PMCK 18/13, Thatheri Bazar, VaranasiWe have no other branch

गाइड

बनारस (वाराणसी) की प्रसिद्ध मिठाई की दुकानें

बनारस की ज़्यादातर प्रसिद्ध मिठाई की दुकानें पुराने शहर में हैं: काशी विश्वनाथ मंदिर के पास ठठेरी बाज़ार और चौक, घाटों के पास सोनारपुरा, और बीएचयू की तरफ़। नीचे वे दुकानें हैं जिनका नाम स्थानीय लोग और फ़ूड लेखक सबसे ज़्यादा लेते हैं, हर दुकान किस चीज़ के लिए जानी जाती है, और कहाँ है। हम भी इनमें से एक हैं, इसलिए अपना नाम सबसे ऊपर रखा है; बाकी दुकानें किसी ख़ास क्रम में नहीं हैं।

एक नज़र में

दुकानइलाकाकिसके लिए जानी जाती है
श्री नारायण मिष्ठान भंडारठठेरी बाज़ार, काशी विश्वनाथ के पासखोया और छेना की मिठाइयाँ, ख़ास तौर पर मलाई गिलौरी, लाल पेड़ा, तिल बर्फी और रसभरी
द राम भंडारठठेरी बाज़ारनाश्ते में कचौड़ी, सब्ज़ी और जलेबी
रसवंतीसुग्गा गली, ठठेरी बाज़ारलाल पेड़ा, परवल मिठाई, चमचम, मलाई गिलौरी
श्री राजबंधुचौक और कमच्छाघेवर, मलाई गिलौरी
क्षीर सागरसोनारपुरा और सिगराछेना की मिठाइयाँ: रसगुल्ला, चमचम, रसमलाई
बंगाल स्वीट हाउसबीएचयू–डीएलडब्ल्यू रोडरसगुल्ला, बादाम हलवा, मैंगो कलाकंद
न्यू राजश्री स्वीट्सकई आउटलेटमोतीचूर लड्डू
मधुर जलपानपुराना शहरलाल पेड़ा और जलेबी

श्री नारायण मिष्ठान भंडार (Sri Narayan Misthan Bhandar)

ठठेरी बाज़ार, काशी विश्वनाथ के पास। खोया और छेना की मिठाइयाँ, ख़ास तौर पर मलाई गिलौरी, लाल पेड़ा, तिल बर्फी और रसभरी के लिए जानी जाती है। 1984 से परिवार चला रहा है। यह हमारी दुकान है।

दुकान का रास्ता

द राम भंडार (The Ram Bhandar)

ठठेरी बाज़ार। नाश्ते में कचौड़ी, सब्ज़ी और जलेबी के लिए जानी जाती है। दुकान के अपने कहे अनुसार 1887 से।

स्रोत: therambhandar.in

रसवंती (Rasvanti)

सुग्गा गली, ठठेरी बाज़ार। लाल पेड़ा, परवल मिठाई, चमचम, मलाई गिलौरी के लिए जानी जाती है। अक्सर शहर की सबसे पुरानी दुकानों में गिनी जाती है।

स्रोत: exploreanddine.com

श्री राजबंधु (Shri Rajbandhu)

चौक और कमच्छा। घेवर, मलाई गिलौरी के लिए जानी जाती है। वाराणसी की मिठाई गाइडों में "1887 से" लिखा मिलता है।

स्रोत: banarastrip.com

क्षीर सागर (Ksheer Sagar)

सोनारपुरा और सिगरा। छेना की मिठाइयाँ: रसगुल्ला, चमचम, रसमलाई के लिए जानी जाती है। बंगाली मिठाइयों के लिए पुराना नाम।

स्रोत: taleof2backpackers.com

बंगाल स्वीट हाउस (Bengal Sweet House)

बीएचयू–डीएलडब्ल्यू रोड। रसगुल्ला, बादाम हलवा, मैंगो कलाकंद के लिए जानी जाती है। बीएचयू की तरफ़ छात्रों और परिवारों में लोकप्रिय।

स्रोत: cadburydessertscorner.com

न्यू राजश्री स्वीट्स (New Rajshree Sweets)

कई आउटलेट। मोतीचूर लड्डू के लिए जानी जाती है। स्थानीय लोग ऑनलाइन अक्सर इसका नाम सुझाते हैं।

स्रोत: banarastrip.com

मधुर जलपान (Madhur Jalpan)

पुराना शहर। लाल पेड़ा और जलेबी के लिए जानी जाती है। कई वाराणसी फ़ूड गाइडों में नाम आता है।

स्रोत: vacaywork.com

एक गली, तीन दुकानें: ठठेरी बाज़ार

अगर आप काशी विश्वनाथ मंदिर या दशाश्वमेध घाट के पास हैं, तो ठठेरी बाज़ार में इनमें से तीन दुकानें कुछ ही मिनट की दूरी पर हैं: नाश्ते के लिए द राम भंडार, लाल पेड़े के लिए रसवंती, और मलाई गिलौरी और रसभरी के लिए हमारा काउंटर। गलियाँ सँकरी हैं, इसलिए गोदौलिया या चौक से पैदल आएँ।

बनारस की प्रसिद्ध मिठाइयाँ

  • लाल पेड़ा: खोया को चीनी के साथ आम पेड़े से ज़्यादा देर तक भूना जाता है, जब तक उसका रंग लाल-भूरा और स्वाद भुने दूध जैसा न हो जाए। सूखी मिठाई है, इसलिए सफ़र में अच्छी रहती है। "बनारस लाल पेड़ा" भारत सरकार की सूची में पंजीकृत भौगोलिक संकेत (GI) है।
  • मलाई गिलौरी: मलाई की पतली परत को पान की गिलौरी की तरह तिकोना मोड़कर उसमें मेवा, गुलकंद और इलायची भरी जाती है, और ऊपर चाँदी का वर्क लगता है। हमारी दुकान की सबसे ज़्यादा माँगी जाने वाली मिठाई यही है।
  • तिरंगी बर्फी: केसरिया, सफ़ेद खोया और हरे पिस्ते की तीन परतें। 26 जनवरी और 15 अगस्त के आसपास सबसे ज़्यादा बिकती है। "बनारस तिरंगी बर्फी" भी पंजीकृत GI है।
  • लौंगलता: मैदे की परत में खोया भरकर लौंग से बंद किया जाता है, फिर तलकर चाशनी में डुबोया जाता है।
  • छेना की मिठाइयाँ: रसगुल्ला, चमचम और रसमलाई। बनारस में पीढ़ियों से बड़ा बंगाली समुदाय रहता है, इसलिए छेना की मिठाइयाँ यहाँ रोज़ की मिठाई हैं। हम खोया और छेना, दोनों की मिठाइयाँ एक ही रसोई में बनाते हैं।
  • मौसमी मिठाइयाँ: सर्दियों और मकर संक्रांति पर तिल बर्फी, होली पर गुझिया।
  • मलइयो: सर्दियों की सुबह मिलने वाला केसर और इलायची वाले दूध का हल्का झाग, जो पुराने शहर की गलियों में ठेलों पर बिकता है। हम मलइयो नहीं बनाते, इसके लिए सुबह-सुबह गलियों के ठेलों पर जाएँ।
  • कचौड़ी, सब्ज़ी और जलेबी: बनारस का रोज़ का नाश्ता।

GI की जानकारी: भारत सरकार (IP India) की पंजीकृत GI सूची। GI किसी जगह के उत्पाद के नाम की रक्षा करता है, यह किसी एक दुकान का प्रमाणपत्र नहीं है।

ठठेरी बाज़ार कैसे पहुँचें

ठठेरी बाज़ार पुराने शहर की गलियों में, चौक के पास है: दशाश्वमेध घाट से लगभग 500 मीटर और काशी विश्वनाथ मंदिर से लगभग 800 मीटर। गाड़ियाँ गोदौलिया और चौक पर रुक जाती हैं, वहाँ से पैदल कुछ ही मिनट लगते हैं। इस बाज़ार का नाम ठठेरों पर पड़ा है, यानी वे कारीगर जो पीतल और ताँबे के बर्तन बनाते थे।

  • पता: श्री नारायण मिष्ठान भंडार, सीके 18/13, ठठेरी बाज़ार, घासी टोला, वाराणसी, उत्तर प्रदेश 221001
  • समय: रोज़ सुबह 8 बजे से रात 9 बजे तक
  • फ़ोन: +91 542 242 0555
  • व्हाट्सऐप: +91 94549 40200
  • रास्ता: Google Maps पर पैदल रास्ता
  • ऑनलाइन ऑर्डर: वाराणसी में Zomato और Swiggy; बाहर के शहरों में कूरियर से पूरे भारत में

और पढ़ें (अंग्रेज़ी में)

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

बनारस की सबसे प्रसिद्ध मिठाई की दुकान कौन सी है?

इसका कोई एक जवाब नहीं है, क्योंकि लोग अलग-अलग मिठाई के लिए अलग दुकान का नाम लेते हैं: कचौड़ी-जलेबी के लिए द राम भंडार, छेना की मिठाइयों के लिए क्षीर सागर और बंगाल स्वीट हाउस, और मोतीचूर लड्डू के लिए न्यू राजश्री स्वीट्स। ठठेरी बाज़ार में श्री नारायण मिष्ठान भंडार (1984 से) मलाई गिलौरी, लाल पेड़ा और रसभरी के लिए जानी जाती है।

काशी विश्वनाथ मंदिर के पास मिठाई की अच्छी दुकान कौन सी है?

मंदिर से लगभग 800 मीटर दूर ठठेरी बाज़ार में कई पुरानी मिठाई की दुकानें पास-पास हैं, जिनमें श्री नारायण मिष्ठान भंडार, रसवंती और द राम भंडार शामिल हैं।

दशाश्वमेध घाट के पास मिठाई की दुकान कहाँ है?

ठठेरी बाज़ार में श्री नारायण मिष्ठान भंडार दशाश्वमेध घाट से लगभग 500 मीटर दूर है और रोज़ सुबह 8 बजे से रात 9 बजे तक खुली रहती है।

बनारस की प्रसिद्ध मिठाई कौन सी है?

लाल पेड़ा, मलाई गिलौरी, तिरंगी बर्फी, लौंगलता और छेना की मिठाइयाँ। सर्दियों की सुबह मलइयो भी मिलता है, जो पुराने शहर की गलियों में ठेलों पर बिकता है।

बनारस से घर ले जाने के लिए कौन सी मिठाई सबसे अच्छी है?

लाल पेड़ा, क्योंकि सूखी खोया मिठाई सफ़र में अच्छी रहती है। मलाई गिलौरी जैसी मलाई वाली मिठाइयाँ बनारस में ही खाना बेहतर है।

क्या बनारस की मिठाई ऑनलाइन मँगा सकते हैं?

हाँ। वाराणसी में Zomato या Swiggy से ऑर्डर करें। वाराणसी के बाहर हम कूरियर से पूरे भारत में मिठाई भेजते हैं: अपना शहर और मात्रा व्हाट्सऐप +91 94549 40200 पर भेजें।

क्या श्री नारायण मिष्ठान भंडार की कोई और शाखा है?

नहीं। हमारी एक ही दुकान है, ठठेरी बाज़ार, वाराणसी में। दुर्गाकुंड या भेलूपुर जैसी जगहों पर मिलते-जुलते नाम की दुकानें अलग व्यवसाय हैं।

क्या वाराणसी, बनारस और काशी एक ही शहर हैं?

हाँ। वाराणसी, बनारस और काशी एक ही शहर के नाम हैं, इसलिए बनारस की प्रसिद्ध मिठाई की दुकान और वाराणसी की प्रसिद्ध मिठाई की दुकान एक ही बात है।

ठठेरी बाज़ार में आइए

श्री नारायण मिष्ठान भंडार दशाश्वमेध घाट से लगभग 500 मीटर और काशी विश्वनाथ मंदिर से लगभग 800 मीटर दूर है। दुकान रोज़ सुबह 8 बजे से रात 9 बजे तक खुली रहती है।